Monday, September 24, 2018

दबे कदम आ रही है ठण्ड



बस कुछ ही दूरी पर दिख रही है
अंगीठी छुपाये कम्बल लपेटे
चाय की चुस्कीओं में
ओस की बूंदो में चमकती
धुंध में चुप चाप
दबे कदम आ रही है ठण्ड


#Infinity

Wednesday, September 19, 2018

अनजानों का शहर है ये अपनो का गाँव नहीं




अनजानों का शहर है ये
अपनो का गाँव नहीं
दुख बाँटता नहीं कोई
सुख बताता नहीं अब यहाँ
बुज़ुर्ग कोने में रक्ख़ा पीकदान
बच्चे सुनते नहीं अब राजा-रानीयो परीयों की कहानियाँ
सब कुछ है सबके पास यहाँ
पर किसी के पास कोई नहीं


#Infinity

Sunday, April 8, 2018

यायावर





यायावर हम भी होते
गर जिम्मेदारिओं से प्यार न होता


#Infinity

Tuesday, April 3, 2018

तुलसी आंगन की


Shashwat Shriparv Infinity


अपने घर में गमले की तुलसी को
निकाल दो
रोप आओ धरती के कलेजे में
जा के
वो भी दरख्त बनने की रखती है हैसियत


#Infinity


Friday, March 16, 2018

भूला नहीं तुझे भूल से भी




तू नहीं तो क्या
तेरी याद मेरी ही तो है
तू याद है अब भी
भूला नहीं तुझे भूल से भी

#Infinity

Wednesday, February 14, 2018

ख़ुशी की महक तेरे साथ जैसा



ख़ुशी की महक कैसी है पता कर जरा
जिंदगी में तेरे होने का एहसास जैसा ही होगा जानता हूँ

#Infinity


Friday, November 17, 2017

माँ है वो माँ ही तो है वो


तोड़ के अपने
बुन देती है पंख मेरे
टूटी भी हो खुद तो
जोड़ देती है मुझे हरवक्त
माँ है वो
आँसू ले के मेरे
पंखुड़ियां लौटा देती है गुलाब की
खाली पेट भी हो तो पूछती है और ले लो थोड़ी
दिखाती नही एक कतरा चोटिल भी हो गर
बटोर के ले लेती है दुख सारे
माँ है वो माँ ही तो है वो।
#Infinity




Sunday, October 15, 2017

फिर एक बार




स्ट्रीट लाइट की
सफ़ेद टूह टूह रोशनी मे
झूमते पतंगो को भी
इंतज़ार है
दिवाली के दीयों की टिमटिमाती रोशनी की
खाक हो जाने के लिए फिर एक बार


#Infinity

उस पेड़ के कट जाने के बाद



Image result for dust on the window

उसके बाद

लूझ के उठा लेते थे जो बोझ अपनी पत्तियों पर
जमा है धूल हमारे खिड़कीओं पे वो अब
रोशनी की भी झुक जाती है कमर
लड़ते हुए इन मिट्टी जमी शीशों से
सांस की भी सीमा घट गई है
सड़क वाले उस पेड़ के कट जाने के बाद

#Infinity

Wednesday, October 4, 2017

रोको समाज में फैले अपने दरिंदो को





रोकते क्यों हो 
अपनी बच्चिओं को जीने से,
रोको !
समाज में फैले अपने दरिंदो को
#Infinity